चारधाम यात्रा में अब तक 45.84 लाख श्रद्धालु दर्शन कर चुके हैं। वहीं, जनवरी से जून तक जागेश्वर धाम में 1.74 लाख से अधिक श्रद्धालु दर्शन को पहुंचे हैं, जबकि बीते वर्ष 2025 में इस अवधि में यह संख्या 67 हजार 875 थी।
चारधाम के साथ अन्य ऐतिहासिक मंदिरों में दर्शन करने वाले श्रद्धालुओं की संख्या का रिकॉर्ड बन रहा है। इस साल अब तक जागेश्वर व त्रियुगीनारायण में बीते वर्ष की तुलना में ढाई गुना अधिक श्रद्धालु पहुंचे हैं। वहीं, धारी देवी व पूर्णागिरि धाम में डेढ़ गुना श्रद्धालु बढ़े हैं।
उत्तरकाशी जिले के यमुनोत्री धाम की यात्रा कठिन होने के बावजूद यहां इस वर्ष श्रद्धालुओं की संख्या ने नया रिकॉर्ड बनाया है। इस यात्राकाल में दो अगस्त तक 6.55 लाख तीर्थयात्री दर्शन कर चुके हैं। धाम के इतिहास में यह अब तक की सर्वाधिक संख्या है। इससे पूर्व 2025 में 6.44 लाख, 2024 में 5.15 लाख, 2023 में 5.61 लाख, 2022 में 6.21 लाख व 2021 में 33,331 तीर्थयात्री यहां पहुंचे हैं।
आदि कैलाश यात्रियों की संख्या में रिकॉर्ड वृद्धि
पिथौरागढ़ जिले के आदि कैलाश धाम में भी दर्शनार्थियों की संख्या में रिकार्ड वृद्धि हुई है। दो माह में ही 52,441 श्रद्धालु पहुंच चुके हैं। फिलहाल मानसून के चलते एक जुलाई से यात्रा पर रोक है। वर्ष 2023 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दौरे के बाद आदि कैलाश दर्शनार्थियों की संख्या में कई गुना वृद्धि हुई है। वर्ष 2022 से पहले यहां आने वाले यात्रियों की संख्या 2000 से भी कम थी। वर्ष 2023 से भक्तों की संख्या लगातार बढ़ रही है।

